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भाजपा और सरकार के संरक्षण में प्रदेश में धर्मांतरण की घटनायें बढ़ गयी – कांग्रेस

  • December 21, 2024
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रायपुर। धर्मांतरण के दबाव के कारण एक युवक के द्वारा की गयी आत्महत्या को कांग्रेस ने दुखद बताया है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि धर्मांतरण के दबाव में युवक की आत्महत्या भाजपा के कुशासन का आईना है। राज्य में जब से भाजपा की सरकार बनी है प्रदेश के शहरी एवं मैदानी क्षेत्रों में भी धर्मांतरण की घटनायें बढ़ गयी है। भाजपा खुद धर्मांतरण को बढ़ावा देती है फिर वर्ग संघर्ष करवाती है विपक्ष में रहते हुये धर्मांतरण के नाम पर फसाद करने वाले भाजपाई पिछले एक साल से प्रदेश में होने वाली धर्मांतरण की घटनाओं पर चुप्पी साध लिये है। यही नहीं खबरें तो यह भी आ रही है कि धर्मांतरण कराने वालों को सत्तारूढ़ दल का संरक्षण मिला हुआ है। जशपुर, बस्तर में धर्मांतरण की घटनाओं के बाद भाजपा की खामोशी इस बात का प्रमाण है कि इन घटनाओं को उसका समर्थन है।

जबरन धर्मांतरण को सुप्रीम कोर्ट ने देश के लिये बड़ी समस्या बताया था। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय के बाद केन्द्र में बैठी मोदी सरकार का यह कर्तव्य बन जाता है कि जबरन धर्मांतरण के खिलाफ वह पूरे देश में एक कानून बनाये। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश को एक साल से अधिक हो गया, लेकिन मोदी सरकार इस पर मौन है। भारतीय जनता पार्टी धर्मांतरण को लेकर देशभर में अफवाह फैलाने और राजनीति करने का काम करती है। जब इस मामले में ठोस पहल करने या कानून बनाने की बात आती है तब भाजपा की नीयत में खोट साफ नजर आता है। भारतीय जनता पार्टी धर्मांतरण और सांप्रदायिकता पर सिर्फ राजनीति करना चाहती है। वह नही चाहती इस समस्या का कोई ठोस निदान हो। छत्तीसगढ़ में साय सरकार ने अपनी पहली बैठक में ही वह दावा किया था कि नया “धर्म स्वातंत्र विधेयक” का ड्राफ्ट तैयार है, 60 दिन के भीतर लागू हो जायेगा, लेकिन 1 साल बीतने के बाद आज तक मौन है।

प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भाजपा अपने राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक में धर्मांतरण को लेकर चिंता व्यक्त करती है लेकिन अपनी ही राज्य और केन्द्र सरकार को इनको रोकने के से कोई दबाव नहीं बनाती। राष्ट्रीय स्वयंसेवक भाजपा धर्मांतरण को लेकर ईसाइयों के ऊपर आरोप लगाती है लेकिन आरएसएस स्वयं ईसाई समुदाय के लिये क्रिसमस का भोज आयोजित करवाती है। संघ का यह दोहरा चरित्र यह बताने के लिये पर्याप्त है कि संघ के लिये धर्मांतरण और सांप्रदायिकता ऐसा राजनैतिक एजेंडा है जो वह समय-समय पर भाजपा की राजनैतिक जरूरतों के अनुसार बदलती रहती है।


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